शशि थरूर ने सरकार को घेरा, संसद में हंगामे और लाठीचार्ज को लेकर साधा निशाना
नई दिल्ली। जंतर-मंतर पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा बलों द्वारा किए गए लाठीचार्ज को लेकर राजनीतिक गलियारों में भारी आक्रोश है। विपक्षी दलों ने इस घटना की कड़ी निंदा की है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने संसद में इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाते हुए सरकार से जवाब मांगा है। वहीं, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने भी इस कार्रवाई पर तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि एक अहिंसक विरोध प्रदर्शन पर लाठीचार्ज करना पूरी तरह से अनुचित और हिंसात्मक कृत्य है, जिसका कोई ठोस तर्क समझ से परे है।
संसद में चर्चा की मांग और विपक्षी रुख
मानसून सत्र के पहले दिन संसद में भारी हंगामा देखने को मिला, जिसके चलते कार्यवाही बार-बार बाधित हुई। शशि थरूर ने स्पष्ट किया कि संसद का मुख्य उद्देश्य देशभर के ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा करना है। उन्होंने कहा कि विपक्ष का काम जनता की चिंताओं को सरकार के सामने रखना है, चाहे सरकार के पास बहुमत ही क्यों न हो। थरूर के अनुसार, संसद केवल सरकारी बिलों को रबर स्टैंप की तरह पारित करने का स्थान नहीं है, बल्कि यह एक ऐसा मंच है जहां विभिन्न विचारों को सुना जाना चाहिए और उन पर सार्थक बहस होनी चाहिए।
लोकतंत्र में विरोध और सरकार की जवाबदेही
थरूर ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि संसद को जनता की आवाज़ बुलंद करने का माध्यम बनना चाहिए, न कि केवल सरकारी घोषणाओं का नोटिस बोर्ड। उन्होंने कहा कि यदि विपक्ष मुद्दों को उठाना चाहता है और सरकार चर्चा से इनकार करती है, तो हंगामा होना स्वाभाविक है। उन्होंने पुरानी कहावत का हवाला देते हुए कहा कि सरकार को संसद में खुलकर बात करने की अनुमति देनी चाहिए, भले ही बाद में वह असहमति जताए। विपक्षी सदस्यों का मानना है कि मुद्दों को दबाने के बजाय उन पर चर्चा करना ही संसदीय परंपरा के अनुकूल है।
सहयोग के लिए सार्थक संवाद जरूरी
प्रधानमंत्री द्वारा विपक्ष से मांगे गए सहयोग पर प्रतिक्रिया देते हुए थरूर ने कहा कि लोकतंत्र में सहयोग एक द्विपक्षीय प्रक्रिया होनी चाहिए। यदि सरकार चाहती है कि विपक्ष सहयोग करे, तो उन्हें भी विपक्षी दलों की बातों को सुनना होगा और महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की अनुमति देनी होगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि संसद का कामकाज आपसी लेनदेन और सहमति पर आधारित होना चाहिए, तभी देशहित में बेहतर निर्णय लिए जा सकते हैं।
संसद में विपक्ष का हंगामा, कांग्रेस नेताओं ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा
स्वास्थ्य के नाम पर बड़ा धोखा! लखनऊ समेत कई जिलों में 20 करोड़ की नकली दवाओं की खेप पकड़ी गई
खाना खाने को लेकर शुरू हुआ झगड़ा, बड़े भाई ने छोटे भाई पर टांगी से किया जानलेवा हमला
अमिताभ बच्चन ने अफवाहों का किया खंडन, बोले- ICU ब्लॉग का गलत मतलब निकाला गया
3 अगस्त से विधानमंडल सत्र का आगाज, संभल हिंसा रिपोर्ट पर विपक्ष के तेवर तेज होने के आसार
वाराणसी-मुंबई सुपरफास्ट को निशाना बनाने की कोशिश, इमरजेंसी ब्रेक से बची सैकड़ों यात्रियों की जान
ट्रंप के नए टैरिफ प्लान से दवा उद्योग चिंतित, भारतीय कंपनियों पर पड़ सकता है बड़ा असर
अवैध पटाखा फैक्ट्री में धमाके से 10 की मौत, गुजरात में मचा हड़कंप
एलपीजी सिलेंडर की कीमतों पर बड़ा अपडेट, आज बदले या नहीं दाम?
PM किसान योजना के नाम पर जमीन हड़पने का आरोप, बुजुर्ग ने सरपंच पर लगाए गंभीर आरोप