छत्तीसगढ़ में फिर रेल सुरक्षा पर सवाल, पटरी से उतरा मालगाड़ी का इंजन
कोरबा| जिले के कुसमुंडा क्षेत्र में मंगलवार की शाम एक बड़ा रेल हादसा होते-होते बच गया। कुसमुंडा सायलो साइडिंग में कोयला लोड करने के दौरान अचानक एक मालगाड़ी का इंजन पटरी से नीचे उतर गया। इस घटना से मौके पर हड़कंप मच गया। इंजन के छह पहिए ट्रैक से उतरने के कारण कुछ घंटों के लिए कोयले की लोडिंग और उसका ट्रांसपोर्टेशन पूरी तरह ठप हो गया।
कोयला जमा होने से असंतुलित हुआ इंजन
कोरबा के स्थानीय सूत्रों और शुरुआती जांच के मुताबिक, साइडिंग पर लोडिंग के समय रेलवे ट्रैक पर भारी मात्रा में कोयला बिखरा हुआ था। कयास लगाए जा रहे हैं कि इंजन के पहिए पटरी पर जमे इसी कोयले के मलबे पर चढ़ गए, जिससे उसका संतुलन बिगड़ गया और वह डीरेल हो गया। घटना के तुरंत बाद लोको पायलट और वहां तैनात रेल कर्मियों ने इसकी जानकारी रेलवे और एसईसीएल (SECL) के आला अधिकारियों को दी, जिसके बाद तकनीकी दस्ता फौरन मौके पर पहुँचा।
3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद ट्रैक हुआ साफ
हादसे की खबर मिलते ही रेलवे की दुर्घटना राहत ट्रेन (ART) राहत सामग्री के साथ कोरबा के कुसमुंडा साइडिंग पहुँची। क्रेन और आधुनिक उपकरणों की मदद से तकनीकी टीम ने करीब तीन घंटे की कड़ी मेहनत के बाद इंजन को दोबारा पटरी पर लाया।
राहत की बात: रेलवे प्रशासन के अनुसार, इस दुर्घटना का असर सिर्फ साइडिंग वाले अंदरूनी ट्रैक पर ही पड़ा। मुख्य रेल मार्ग पूरी तरह सुरक्षित रहा, जिससे अन्य रूटों पर ट्रेनों और कोयला गाड़ियों की आवाजाही पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा।
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