रेलवे ट्रैक के पास मिली तीन लाशें, युवक-मासूम बच्ची नीचे तो भाभी पेड़ से लटकी मिली
बदायूं। उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर के खुर्जा कोतवाली क्षेत्र के नेहरुपुर के पास एक जंगल में एक ही परिवार के तीन सदस्यों के शव मिलने से सनसनी फैल गई है। मृतकों में एक महिला, उसका देवर और उसकी बेटी शामिल हैं। इस हृदय विदारक घटना ने पुलिस महकमे को हिलाकर रख दिया है और हत्या व आत्महत्या दोनों कोणों से गहन जांच शुरू कर दी गई है।
घटनास्थल का भयावह मंजर
घटनास्थल का दृश्य अत्यंत भयावह बताया जा रहा है। बच्ची और युवक का शव जमीन पर पड़ा मिला, जबकि महिला का शव पेड़ से फांसी के फंदे पर लटका हुआ पाया गया। प्रारंभिक जांच के अनुसार, मृतक युवक की पहचान पश्चिमी बंगाल के विमल सरकार के रूप में हुई है। वहीं, महिला और युवक पॉटरी इंडस्ट्री में काम करने वाले श्रमिक बताए जा रहे हैं। यह परिवार खुर्जा देहात क्षेत्र में किराए के कमरे में रहता था। घटना की सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) भारी पुलिस बल और फील्ड यूनिट के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और साक्ष्य जुटाए। पुलिस इस मामले को हत्या और आत्महत्या दोनों दृष्टिकोणों से देख रही है। पुलिस प्रारंभिक जांच में प्रेम-प्रसंग या पारिवारिक कलह के एंगल की देख रही है। महिला के पति द्वारा तहरीर दी गई है और उसी के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ और स्पष्ट हो सकेगा। एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत, जिनमें एक मासूम बच्ची भी शामिल है, किसी गहरे सदमे या मजबूरी की ओर इशारा करती है। पॉटरी इंडस्ट्री में काम करने वाले श्रमिकों की आर्थिक और सामाजिक स्थिति भी जांच का एक महत्वपूर्ण बिंदु हो सकती है।
जिस सरकार ने कहा- इस्तीफे नहीं होते, उसी में 12 साल में कई बड़े नेताओं ने छोड़ा पद
दमिश्क हाईवे पर मौत का सफर: बस दुर्घटना में 35 यात्रियों की दर्दनाक मौत
रालोद में अंदरूनी कलह खुलकर आई सामने, 10 पदाधिकारियों ने दिया सामूहिक इस्तीफा
CM शुभेंदु की चेतावनी, 'धोखेबाज भतीजे को कोई नहीं बचा पाएगा', घोटाले पर सियासी वार
एक तरफ धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, दूसरी तरफ मायावती का बड़ा राजनीतिक संदेश
कमाई बढ़ी, लेकिन घाटा भी बढ़ा; FY26 में PhonePe के वित्तीय नतीजे चौंकाने वाले
प्रदेश कांग्रेस कमेटी की नई सूची तैयार, जल्द मिल सकती है नेताओं को जिम्मेदारी
जम्मू-कश्मीर में बारिश का कहर, 32 लोगों की मौत; मचैल यात्रा पर लगी रोक