सोमवार के दिन ‘धुरंधर’, ‘द राजा साब’ और 'इक्कीस' ने कितनी कमाई की है? जानें शुरुआती आंकड़े
बॉक्स ऑफिस पर इस समय तीन फिल्मों के बीच मुकाबला देखने को मिल रहा है। एक तरफ रणवीर सिंह की ‘धुरंधर’ इतिहास रच रही है, तो दूसरी तरफ प्रभास की ‘द राजा साब’ अपनी धाक जमाने की कोशिश में जुटी है। वहीं दिवंगत एक्टर धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म ‘इक्कीस’ भी सिनेमाघरों में टिकी हुई है। आइए आपको बताते हैं कि इन तीनों फिल्मों ने अब तक कितनी कमाई की है और सोमवार (आज) की शुरुआत कैसी रही।
धुरंधर
रणवीर सिंह की फिल्म ‘धुरंधर’ 5 दिसंबर के दिन रिलीज हुई थी। 38 दिनों बाद भी ये फिल्म थिएटर्स में लोगों का मनोरंजन कर रही है। इस फिल्म ने अब तक भारतीय बॉक्स ऑफिस से नेट 805.65 करोड़ रुपये की कमाई कर डाली है। वहीं 39वें दिन की कमाई की बात करें तो इस फिल्म ने
धुरंधर 37वें दिन का कलेक्शन
द राजा साब
प्रभास की हॉरर कॉमेडी फिल्म 9 जनवरी के दिन रिलीज हुई थी। इन फिल्म ने पहले दिन (शुक्रवार) 53.75 करोड़ रुपये, दूसरे दिन 26 करोड़ रुपये और तीसरे दिन 20.12 करोड़ रुपये का कलेक्शन किया है। वहीं चौथे दिन की बात करें तो Sacnilk की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, फिल्म ने
सुबह 9 बजे तक - 0.07 करोड़ रुपये
सुबह 10 बजे तक - 0.26 करोड़ रुपये
द राजा साब
इक्कीस
धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म ‘इक्कीस’ को रिलीज हुए 11 दिन हो गए हैं। हालांकि, फिल्म ज्यादा कमाई नहीं कर पाई है। 11 दिन में इस फिल्म ने 28.75 करोड़ रुपये का कलेक्शन कर डाला है। वहीं 12वें दिन की बात करें तो फिल्म ने
सुबह 9 बजे तक - 0.01 करोड़ रुपये
सुबह 10 बजे तक - 0.02 करोड़ रुपये
इन आंकड़ों में समय के साथ बदलाव होता रहेगा। फाइनल आंकड़े जानने के लिए लाइव हिन्दुस्तान के इस लाइव ब्लॉग पर नजर बनाए रखिएगा।
लोकसभा विस्तार का फॉर्मूला: शाह ने समझाया पूरा गणित
डिजिटल प्रशासन में जबलपुर अव्वल, सभी जिलों को छोड़ा पीछे
मौसम के दो रंग: लू के थपेड़ों के बीच, झमाझम बारिश की आस
पंजाब में ED का बड़ा एक्शन, संजीव अरोड़ा और करीबियों पर छापेमारी
मायावती का आरोप: कांग्रेस ने नहीं निभाया महिला आरक्षण का वादा
लिवर की सेहत क्यों है जरूरी? जानिए इसके मुख्य कार्य
क्या फिर से जवान हो सकता है दिमाग? रिसर्च में चौंकाने वाला खुलासा
जबलपुर से पहुंचा इंजन, तब जाकर चली मालगाड़ी; व्यवस्था पर उठे सवाल
परिसीमन पर सियासी संग्राम तेज, संसद से सड़क तक प्रदर्शन—स्टालिन का विरोध उग्र